राजस्थान GK नोट्स

अजमेर जिला {Ajmer District} राजस्थान GK अध्ययन नोट्स

1. महत्वपूर्ण तथ्य

  • अजमेर जिले का कुल क्षेत्रफल = 8481 किमी²
  • अजमेर जिले की जनसंख्या (2011) = 25,84,913
  • अजमेर जिले का संभागीय मुख्यालय = अजमेर

2. भौगोलिक स्थिति

  • राजस्थान राज्य का हृदयस्थल अजमेर जिला राजस्थान राज्य के मध्य में 25 डिग्री 38’ से 26 डिग्री 50’ उतरी अक्षांश एवं 73 डिग्री 54’ से 75 डिग्री 22’ पूर्वी देशान्तर के मध्य स्थित हैं।
  • पर्वतीय क्षेत्र में बसा अजमेर अरावली पर्वतमाला का एक हिस्सा है, जिसके दक्षिण-पश्चिम में लूनी व पूर्वी हिस्से में बनास की सहायक नदियाँ बहती हैं।

3. इतिहास

  • अजमेर शहर का नाम अजयमेरू के नाम पर पडा हैं।
  • अजमेर की स्थापना 7 वीं शताब्दी में अजयपाल चौहान ने की थी।
  • 12 वीं शताब्दी में राजा अजयराज को अजमेर का वास्तविक संस्थापक माना जाता हैं।
  • राजा अजयदेव चौहान ने 1100 ई. में अजमेर की स्थापना की थी। उन्होंने तारागढ़ की पहाड़ी पर एक क़िला गढ़-बिटली नाम से बनवाया था।
  • अजमेर में, 1153 में प्रथम चौहान-नरेश बीसलदेव ने एक मन्दिर बनवाया था, जिसे 1192 ई. में मुहम्मद ग़ोरी ने नष्ट करके उसके स्थान पर अढ़ाई दिन का झोंपड़ा नामक मस्जिद बनवाई थी।
  • मुईनुद्दीन चिश्ती एक प्रसिद्ध सूफ़ी संत थे। उन्होंने 12वीं शताब्दी में अजमेर में ‘चिश्तिया’ परंपरा की स्थापना की थी। माना जाता है कि ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती सन 1195 ई. में मदीना से भारत आए थे।
  • ‘ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती’ के प्रति लोगों की अटूट श्रद्धा है। इस दरगाह पर हर रोज हज़ारों की संख्या में श्रद्धालु दर्शनों के लिए आते हैं और मन्नत माँगते हैं। मांडू के सुल्तान ग़यासुद्दीन ख़िलजी ने सन 1465 में यहाँ दरगाह और गुम्बद का निर्माण करवाया था।
  • पुष्कर विश्व विख्यात तीर्थस्थान है जहाँ प्रतिवर्ष प्रसिद्ध ‘पुष्कर मेला’ लगता है।
  • पुष्कर में विश्व का एकमात्र ब्रह्माजी का एक मन्दिर है। पुष्कर अजमेर शहर से 14 KM दूरी पर स्थित है।
READ  राजस्थान में शिक्षा एवं संस्थान (Education and institutes in Rajasthan) राजस्थान GK अध्ययन नोट्स

4. कला एवं संस्कृति

  • अजमेर में मुख्यतया हिंदी, राजस्थानी या खड़ी बोली बोली जाती है ।
  • अजमेर में हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई एवं जैन धर्म के निवासी सभी त्यौहारों को सौहार्द पूर्वक मनाते हैं ।
  • लोकदेवता “तेजाजी” धाम, सुरसुरा एक प्रमुख लोकदेवता है|
  • घूमर एवं चरी प्रमुख नृत्य हैं ।

5. शिक्षा

  • अजमेर शिक्षा का एक प्रमुख केंद्र हैं
  • अजमेर में राजस्थान बोर्ड (RBSE) एवं केंद्रीय बोर्ड (CBSE) का मुख्यालय है ।
  • गवर्नमेंट कॉलेज अजमेर (GCA) यहाँ का प्रमुख शिक्षण केंद्र है
  • केंद्रीय विश्वविद्यालय एवं महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय भी अजमेर में स्थित हैं ।
  • JLN मेडिकल कॉलेज एवं अन्य नर्सिंग कॉलेज हैं
  • यहाँ सरकारी महिला एवं पुरुष इंजीनियरिंग कॉलेज हैं, साथ ही सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज एवं अन्य निजी संस्थान भी हैं
  • मेयो, सोफ़िया, बिरला एवं मयूर स्कूल जैसी प्रतिष्ठित स्कूल भी हैं

6. खनिज एवं कृषि

  • अजमेर में कृषि मुख्य व्यवसाय है और मुख्यतः मक्का, गेहूँ, बाजरा, चना, कपास, तिलहन, मिर्च व प्याज़ उगाए जाते हैं।
  • अभ्रक, लाल स्फटिक घातु और इमारती पत्थर की खुदाई होती है।

7. प्रमुख स्थल

  • दौलत बाग, आनासागर झील, फाईसागर, दरगाह शरीफ
  • सोनी जी की नस्सिया, अढाई दिन का झोपडा, अकबर का किला।
  • अजमेर के क़रीब तीर्थराज पुष्कर का ब्रह्मा मंदिर है।
  • अजमेर के क़रीब नारेली तीर्थ एक प्रमुख जैन मंदिर है।
  • अजमेर से 40 KM दूर स्थति तिलोनिया गाँव, ग्रामीण विकास का एक अच्छा उदाहरण है।

8. नदी एवं झीलें

  • झीलें: आनासागर, फायसागर
  • नदियाँ : लूनी नदी

9. परिवहन और यातायात

  • अजमेर पहुँचने के लिए सबसे बेहतर विकल्प रेल मार्ग है।
  • दिल्ली से दिल्ली-अहमदाबाद मुख्य रेल मार्ग पर यह स्थित है ।
  • रेलमार्ग के अलावा राष्ट्रीय राजमार्ग 8 से निजी वाहन द्वारा भी जयपुर होते हुए अजमेर पहुँचा जा सकता है।
  • निकटतम हवाई अड्डा, जयपुर है एवं किसनगढ़ में हवाई अड्डा निर्माणाधीन है ।
READ  बिजोलिया किसान आंदोलन Bijolia Kisan Movement | Rajasthan GK Notes

10. उद्योग और व्यापार

  • किशनगढ़ स्थित मार्बल मंडी, देश की सबसे बड़ा मार्बल व्यवसाय का शहर है
  • अजमेर नमक, अभ्रक, कपड़े व कृषि उत्पादों का प्रमुख व्यापारिक केन्द्र है
  • अजमेर में तिलहन, होज़री, ऊन, जूते, साबुन व दवा निर्माण से जुड़े छोटे-छोटे अनेक उद्योग हैं।
  • अजमेर कपड़ों की रंगाई व बुनाई तथा अपने हस्तशिल्प के लिए प्रसिद्ध है।
  • तिलोनियाँ हस्तशिल्प से बनी वस्तुओं का प्रमुख स्थान है|
DSGuruJi - PDF Books Notes

Leave a Comment